शिक्षक एमएलसी चुनाव के प्रेक्षक बदले: प्रकाश बिन्दु को मिली जिम्मेदारी, मतगणना से पहले निर्वाचन आयोग का फैसला

गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतगणना से एक दिन पहले निर्वाचन आयोग ने प्रेक्षक की जिम्मेदारी बदल दी है। भाजपा एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह की शिकायत के बाद 2007 बैच के आईएएस अधिकारी अभय सिंह को इस दायित्व से मुक्त कर दिया गया। उनकी जगह 2009 बैच के आईएएस अधिकारी प्रकाश बिन्दु को नियुक्त किया गया है। उन्हें तत्काल निर्वाचन क्षेत्र में पहुंचकर जिम्मेदारी संभालने का निर्देश दिया गया है। माना जा रहा है कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान किसी विवाद की आशंका से बचने के लिए यह कदम उठाया गया है।
देवेंद्र प्रताप सिंह ने 23 अक्टूबर 2026 को मतदान के दिन सुबह 10 बजकर 36 मिनट पर भारत निर्वाचन आयोग को ईमेल भेजकर प्रेक्षक अभय सिंह को हटाने की मांग की थी। शिकायत में उन्होंने 2019 के अवैध खनन मामले का उल्लेख करते हुए कहा था कि इस प्रकरण में सीबीआई ने अधिकारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। एमएलसी ने यह भी दावा किया था कि अधिकारी के आवास पर छापेमारी के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी बरामद हुई थी। उन्होंने आयोग से सीबीआई जांच की मौजूदा स्थिति और संबंधित तथ्यों पर गंभीरता से विचार करने की मांग की थी। उनका कहना था कि ऐसे आरोपों के बीच निष्पक्ष चुनाव की विश्वसनीयता पर सवाल उठ सकते हैं।
मतगणना कर्मियों को भी लिखा था पत्र
एमएलसी ने आयोग को शिकायत भेजने के बाद मतगणना कर्मियों के नाम खुला पत्र भी लिखा था। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए आयोग ने मतगणना से पहले प्रेक्षक बदल दिया। इस फैसले के बाद सपा प्रत्याशी के खेमे में भी संतोष जताया गया। सपा प्रत्याशी डॉ. संजयन ने प्रेक्षक को हटाने के निर्णय को उचित बताते हुए इसे पहली सफलता करार दिया।
देवेंद्र प्रताप सिंह ने फैसले का किया स्वागत
भाजपा एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह ने निर्वाचन आयोग के निर्णय का स्वागत किया। उन्होंने हटाए गए अधिकारी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए आयोग को धन्यवाद दिया। सिंह ने कहा कि अधिकारी को हटाकर स्वच्छ छवि वाले अफसर को प्रेक्षक की जिम्मेदारी दी गई है। हालांकि, ये आरोप शिकायतकर्ता के बयान हैं; अधिकारी के खिलाफ आरोपों की स्थिति का स्वतंत्र निष्कर्ष यहां उपलब्ध जानकारी से स्पष्ट नहीं है।
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