कुशीनगर में विकास कार्यों की जांच के दौरान भिड़े ग्राम प्रधान और शिकायतकर्ता: जमकर हुई मारपीट, दोनों पक्षों पर मुकदमा दर्ज

जिले के फाजिलनगर ब्लॉक अंतर्गत बलियवां गांव में विकास कार्यों में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितता की शिकायत की जांच करने पहुंची टीम के सामने ही हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। जांच प्रक्रिया के दौरान ही ग्राम प्रधान पक्ष और शिकायतकर्ता पक्ष के लोग आपस में भिड़ गए और उनके बीच जमकर मारपीट हुई। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों की तहरीर पर केस दर्ज कर लिया है।
बलियवां गांव के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से ग्राम सभा में कराए गए विकास कार्यों में धांधली और सरकारी धन के दुरुपयोग की शिकायत की थी। जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने एक जांच टीम गठित की। जब एडीओ पंचायत अनिरुद्ध सिंह के नेतृत्व में टीम गांव में जांच करने पहुंची, तभी दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। तीखी बहस के बाद दोनों पक्षों में लात-घूंसे चलने लगे, जिसके कारण जांच अधिकारी प्रक्रिया को बीच में ही रोककर वापस लौट गए।
इंटरनेट पर वायरल हुए दो वीडियो
घटना के बाद सोशल मीडिया पर दो अलग-अलग वीडियो सामने आए हैं। पहले वीडियो में शिकायतकर्ता भाइयों के साथ मारपीट का आरोप ग्राम प्रधान और उनके समर्थकों पर लगा। वहीं, इसके करीब 24 घंटे के भीतर एक और वीडियो सामने आया, जिसमें ग्राम प्रधान की पिटाई होते हुए देखी जा सकती है। घटना के समय स्थानीय चौराखास पुलिस को अधिकारियों के आने की सूचना नहीं दी गई थी, लेकिन मारपीट के बाद ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची।
दानों पक्षों का आरोप
प्रधान संजय यादव ने पुलिस को तहरीर देकर आरोप लगाया कि विकास कार्यों की रंजिश को लेकर आठ नामजद और कई अज्ञात लोगों ने उन पर जानलेवा हमला किया और उन्हें बदनाम करने की कोशिश की। दूसरे पक्ष के दो सगे भाइयों ने प्रधान और उनके 20-25 समर्थकों पर मारपीट करने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी। चौराखास थानाध्यक्ष महेंद्र प्रजापति ने बताया कि दोनों पक्षों से मिली शिकायतों के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। वायरल वीडियो और मौके से मिले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
फिलहाल और खबरें उपलब्ध नहीं हैं।

