यूपी बोर्ड रिजल्ट 2026 जारी: कशिश-अंशिका और शिखा टॉपर, वेबसाइट और डिजीलॉकर पर चेक कर सकते हैं रिजल्ट

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया है। करीब 52 लाख छात्रों का इंतजार खत्म हुआ। रिजल्ट आते ही छात्रों में उत्साह दिखा। हर कोई सबसे पहले अपना स्कोर जानना चाहता है। इस बार भी बड़ी संख्या में छात्रों ने परीक्षा दी थी। अब सभी छात्र अपना रिजल्ट ऑनलाइन चेक कर सकते हैं। इसके लिए ऑफिशियल वेबसाइट और डिजीलॉकर प्लेटफॉर्म उपलब्ध हैं। छात्र रोल नंबर डालकर आसानी से अपना रिजल्ट देख सकते हैं। साथ ही डिजिटल मार्कशीट भी डाउनलोड कर सकते हैं।
छात्र यूपीएमएसपी की वेबसाइट upmsp.edu.in और डिजीलॉकर की साइट digilocker.gov.in पर जाकर रिजल्ट देख सकते हैं। वेबसाइट पर रिजल्ट लिंक एक्टिव कर दिया गया है। छात्र को अपना रोल नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद स्क्रीन पर पूरा रिजल्ट दिख जाएगा। डाउनलोड का ऑप्शन भी मिलेगा। डिजीलॉकर पर भी मार्कशीट सेव की जा सकती है। इससे भविष्य में डॉक्यूमेंट सुरक्षित रहते हैं। यह प्रोसेस आसान और तेज है।
12वीं के टॉपर्स में शिखा नंबर वन
इंटरमीडिएट रिजल्ट में शिखा वर्मा ने टॉप किया। उन्होंने 97.60 प्रतिशत अंक हासिल किए। नंदिनी गुप्ता और श्रिया वर्मा दूसरे स्थान पर रहीं। दोनों के 97.20 प्रतिशत अंक रहे। शुभी यादव तीसरे स्थान पर रहीं। उनके 97.00 प्रतिशत अंक हैं। इस बार टॉपर्स ने शानदार प्रदर्शन किया। लड़कियों का दबदबा साफ नजर आया। टॉप लिस्ट में अधिकतर नाम छात्राओं के हैं।
10वीं में कशिश और अंशिका टॉपर
हाईस्कूल रिजल्ट में कशिश वर्मा और अंशिका वर्मा ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया। दोनों के 97.83 प्रतिशत अंक रहे। अदिति दूसरे स्थान पर रहीं। उन्होंने 97.50 प्रतिशत अंक हासिल किए। तीसरे स्थान पर अर्पिता, ऋषभ साहू और परी वर्मा रहे। इन तीनों के 97.33 प्रतिशत अंक हैं। इस बार भी हाईस्कूल में छात्रों का प्रदर्शन शानदार रहा। मेरिट लिस्ट में कई नए नाम सामने आए।
इंटर रिजल्ट में हल्की गिरावट
इस साल इंटरमीडिएट रिजल्ट में पिछले वर्ष के मुकाबले गिरावट दर्ज की गई। कुल पास प्रतिशत 80.38 रहा। यह पिछले साल से 0.77 प्रतिशत कम है। कुल 24.86 लाख छात्र परीक्षा में शामिल हुए। इनमें से करीब 19.98 लाख छात्र पास हुए। लड़कियों का प्रदर्शन बेहतर रहा। उनका पास प्रतिशत 86.32 रहा। वहीं लड़कों का पास प्रतिशत 75.04 रहा। यानी लड़कियां 11.28 प्रतिशत आगे रहीं। यह अंतर साफ संकेत देता है कि छात्राएं लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं।
हाईस्कूल में बेहतर रहा रिजल्ट
10वीं का कुल पास प्रतिशत 90.42 रहा। यह काफी अच्छा माना जा रहा है। करीब 26 लाख छात्र परीक्षा में शामिल हुए। इनमें से 23.52 लाख छात्र पास हुए। यहां भी लड़कियों ने बाजी मारी। उनका पास प्रतिशत 93.76 रहा। लड़कों का पास प्रतिशत 87.30 रहा। यानी लड़कियां 6.46 प्रतिशत आगे रहीं। संस्थागत छात्रों का रिजल्ट व्यक्तिगत छात्रों से काफी बेहतर रहा।
मूल्यांकन और परीक्षा प्रक्रिया
इंटरमीडिएट की कॉपियों का मूल्यांकन करीब 55 हजार परीक्षकों ने किया। वहीं हाईस्कूल में लगभग 96 हजार परीक्षक लगे। प्रैक्टिकल परीक्षा जनवरी से फरवरी के बीच हुई। यह दो चरणों में आयोजित की गई। परीक्षा प्रक्रिया को इस बार ज्यादा ट्रांसपेरेंट बनाया गया। डिजिटल सिस्टम का भी इस्तेमाल बढ़ा।
अधूरा नहीं! पूरी खबर पढ़ें नव्य जागरण ऐप पर
ताजा खबरें, लोकल अपडेट और ब्रेकिंग अलर्ट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।










