फिरोजाबाद में पुलिस ने किया लाइव एनकाउंटर: पुलिस और बदमाशों में जबरदस्त मुठभेड़, दो बदमाश हुए ढेर

उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद के शिकोहाबाद क्षेत्र में पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ में दो वांछित बदमाश मारे गए हैं। इस भारी गोलीबारी के दौरान इटावा एसओजी के दो सिपाही भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बदमाश 3 जुलाई को इटावा जिले में हुई एक डॉक्टर से लूटपाट की बड़ी वारदात में शामिल थे और पुलिस को लंबे समय से इनकी तलाश थी। इटावा पुलिस और एसओजी की टीम को सर्विलांस के जरिए सूचना मिली थी कि दोनों बदमाश फिरोजाबाद जिले के शिकोहाबाद क्षेत्र में छिपे हैं। जैसे ही पुलिस टीम ने बदमाशों को पकड़ने की कोशिश की, उन्होंने पुलिस पर अंधाधुंध गोलियां चला दीं, जिसमें दो सिपाही घायल हो गए।
लूट की घटना के आरोपी थे बदमाश
रिपोर्ट्स के मुताबिक, मुठभेड़ शिकोहाबाद थाना क्षेत्र के नीम खेड़िया गांव के पास हुई। दोनों बदमाश इटावा में एक डॉक्टर के साथ हुई लूट की घटना के आरोपी बताए जा रहे हैं। पुलिस को उनके आने की सूचना मिली थी। बताया गया कि दोनों बदमाश ट्रेन से जा रहे थे। पुलिस ने उनका पीछा करना शुरू किया, लेकिन खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से हुई जबरदस्त गोलीबारी के दौरान इटावा SOG के 2 पुलिसकर्मी पुष्पेंद्र और डेविड गोली लगने से घायल हो गए। इसके बाद पुलिस की जवाबी फायरिंग में दोनों बदमाश मारे गए।
एक दर्जन से अधिक दर्ज थे अपराधिक मुकदमे
पुलिस के मुताबिक, दोनों बदमाशों के खिलाफ लगभग एक दर्जन आपराधिक मुकदमे दर्ज थे और वे लंबे समय से वांछित चल रहे थे। मुठभेड़ के बाद पूरे इलाके की घेराबंदी कर खेतों में सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि उनके साथ कोई अन्य बदमाश मौजूद न हो। घटना की सूचना मिलते ही फिरोजाबाद के SSP आदित्य लांगहे सहित जिले के कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए और पूरे अभियान की निगरानी की। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि इस घटना में बच्चों को बंधक बनाए जाने जैसी कोई जानकारी सही नहीं है। अधिकारियों के मुताबिक, मामला केवल पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ का है।
यूपी में 17 हजार एनकाउंटर
जानकारी के मुताबिक, फिलहाल दोनों पुलिसकर्मियों का इलाज कराया जा रहा है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और मुठभेड़ स्थल से मिले साक्ष्यों को जुटाने के साथ-साथ आसपास के क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान भी जारी है। बता दें कि यूपी पुलिस ने बीते कुछ सालों में कई कुख्यात बदमाशों को मुठभेड़ में मार गिराया है। हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई थी जिसमें बताया गया था कि यूपी में 9 साल में 17 हजार से ज्यादा एनकाउंटर हुए हैं जिनमें करीब 300 अपराधियों को ढेर किया गया है।
अधूरा नहीं! पूरी खबर पढ़ें नव्य जागरण ऐप पर
ताजा खबरें, लोकल अपडेट और ब्रेकिंग अलर्ट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।









