आजमगढ़ में दादा-पोते की हत्या के बाद महिला पर हमला: चाकू से किये कई वार, इलाके में बढ़ी दहशत

जिले के पवई थाना क्षेत्र में एक हफ्तें पहले दादा-पोते की हत्या के बाद फिर सनसनी फैल गई। घर में अकेली महिला पर अज्ञात हमलावरों ने गर्दन और हाथ पर चाकू से कई वार किए। घायल महिला दूसरी मंजिल पर खून से लथपथ हालत में मिलीं। परिजनों ने उसे अस्पताल पहुंचाया। पूर्व हत्याकांड का अब तक खुलासा ना होने पर और इस नहीं घटना के सामने आने से इलाके में दहशत बढ़ गई हैं।
बृहस्पतिवार देर रात एक और सनसनीखेज घटना ने इलाके को दहला दिया। रात करीब 10 बजे दुर्गावती (48) पत्नी स्व. राजेंद्र प्रसाद, अपने घर में अकेली थीं। उन्होंने मुख्य दरवाजा अंदर से बंद कर रखा था। इसी दौरान किसी समय अज्ञात हमलावर घर के भीतर पहुंच गये और उसकी गर्दन व हाथ पर चाकू से कई वार कर दिए। महिला की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन मुख्य दरवाजा अंदर से बंद होने के कारण कोई अंदर नहीं जा सका। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पड़ोसियों की मदद से दरवाजा खुलवाया। अंदर पहुंचने पर महिला दूसरी मंजिल पर खून से लथपथ हालत में पड़ी मिलीं।
प्राइवेट अस्पताल में काम करती है दुर्गावती
घायल महिला को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पवई ले जाया गया, लेकिन वहां डॉक्टरों की मौजूदगी न होने पर परिजन उसे शाहगंज के एक निजी अस्पताल ले गए, जहां उसका उपचार चल रहा है। उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। दुर्गावती एक प्राइवेट अस्पताल काम करती हैं। घटना के समय वह घर में अकेली थीं। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। पुलिस आसपास लगे सीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।
पुलिस के रवैये पर उठा सवाल
इस संबंध में अहरौला थाना क्षेत्र के गुमकोठी निवासी बृजेश कुमार ने थाने में तहरीर दी है कि उनकी बहन दुर्गावती को पवई कस्बा निवासी सुजीत मौर्या ने धारदार हथियार से हमला किया। इसके बाद रूम के अन्दर ताला बन्द कर भाग निकला। लगातार हो रही आपराधिक घटनाओं से पवई क्षेत्र में लोगों में भय और आक्रोश है। दादा-पोते के चर्चित दोहरे हत्याकांड का अब तक खुलासा नहीं हो सका है। ऐसे में महिला पर हुए जानलेवा हमले ने क्षेत्र की कानून-व्यवस्था और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठा रहें हैं।










