गोरखपुर जिला अस्पताल से बाल अपचारी फरार: 4 पुलिसकर्मी सस्पेंड, रूटीन चेकअप के दौरान चकमा देकर भागा

जिला अस्पताल से रूटीन मेडिकल जांच के लिए लाया गया एक बाल अपचारी बुधवार सुबह पुलिस अभिरक्षा से फरार हो गया। चोरी के मामले में बाल सुधार गृह भेजे गए किशोर ने अस्पताल परिसर में पुलिसकर्मियों को धक्का देकर भागने में सफलता हासिल कर ली। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सीनियर अधिकारियों ने तत्काल उसकी तलाश के लिए चार टीमों का गठन किया है। साथ ही प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर ड्यूटी पर तैनात एक दरोगा और तीन हेड कांस्टेबलों को निलंबित कर विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
पुलिस के अनुसार, राजघाट थाना क्षेत्र का रहने वाला किशोर करीब 15 दिन पहले चोरी के एक मामले में पकड़ा गया था। न्यायालय के आदेश पर उसे बाल सुधार गृह भेजा गया था। बुधवार सुबह नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के लिए पुलिस उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंची थी। इसी दौरान उसने अचानक पुलिसकर्मियों को धक्का दिया और अस्पताल परिसर से फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही सीनियर अधिकारी सक्रिय हो गए। आसपास के क्षेत्रों में तत्काल सर्च अभियान शुरू कराया गया।
सीसीटीवी फुटेज चेक कर रही पुलिस
फरार बाल अपचारी की तलाश के लिए गठित टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस उसके परिजनों के संपर्क में भी है। वहीं अस्पताल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि उसके भागने के रूट और गतिविधियों का पता लगाया जा सके। अधिकारियों का कहना है कि किशोर को जल्द अरेस्ट कर लिया जाएगा।
लापरवाही पर विभागीय कार्रवाई शुरू
घटना के बाद एसएसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में दरोगा संजय पांडेय तथा हेड कांस्टेबल रामधारी यादव, राजेश कुमार और प्रेम नारायण वर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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