देहरादून में बजरंग दल नेता की हत्या के बाद बवाल: आगजनी और पथराव से तनाव, चार आरोपी अरेस्ट

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के विकासनगर क्षेत्र में बजरंग दल के एक नेता के मर्डर के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए हैं। सहसपुर थाना क्षेत्र के बैरागीवाला गांव में हुई इस घटना के बाद दो समुदायों के बीच तनाव बढ़ गया। जिसके चलते आगजनी, पथराव और विरोध प्रदर्शन की घटनाएं सामने आई हैं। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने क्षेत्र में इंटरनेट सेवाएं अगले आदेश तक बंद कर दी हैं। जबकि कई थानों की पुलिस और प्रादेशिक सशस्त्र कांस्टेबुलरी (पीएसी) को तैनात किया गया है।
पुलिस ने हत्या के मामले में 12 नामजद और 30 से 35 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। अब तक चार आरोपियों को अरेस्ट किया जा चुका है। प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों के घरों पर बुलडोजर भी चलाया है। अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर आवश्यक कदम उठाया जा रहा है।
पैसों के लेन-देन और सिंचाई विवाद से शुरू हुआ विवाद
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना की जड़ में पैसों के लेन-देन और खेत में सिंचाई को लेकर हुआ विवाद था। मृतक विनोद कुमार के परिजनों के अनुसार, सेटरिंग के 14 हजार रुपये के भुगतान को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले से तनातनी चल रही थी। शनिवार शाम को जब भुगतान किया गया, तब मौके पर भीड़ एकत्र हो गई। इसी दौरान खेत में कुलावे से पानी लगाने को लेकर भी विवाद बढ़ गया। जिसने हिंसक रूप ले लिया।
हथौड़े और बेलचे से हमला, एक की मौत
आरोप है कि विवाद के दौरान 15 से 20 लोग हथौड़े, बेलचे और अन्य घातक हथियार लेकर विनोद कुमार के घर और खेत में घुस आए। हमलावरों ने परिवार के सदस्यों पर हमला कर दिया। इस दौरान विनोद कुमार के सिर पर हथौड़े से कई वार किए गए। जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। हमले में विनोद के भाई राजेश कुमार, अशोक और सुषमा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। उनका अस्पताल में इलाज जारी है।
मुख्यमंत्री स्वयं कर रहे हालात की निगरानी
क्षेत्रीय विधायक मुन्ना सिंह चौहान ने कहा कि घटना के बाद शासन और प्रशासन पूरी तरह सतर्क एवं सक्रिय है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार पूरे घटनाक्रम की जानकारी ले रहे हैं। हर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। विधायक ने क्षेत्रवासियों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि हत्या और हिंसा की घटना में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन हर आवश्यक कदम उठा रहा है। साथ ही अपराध और अवैध गतिविधियों में संलिप्त लोगों के विरुद्ध अभियान आगे भी जारी रहेगा।
आरोपियों की तलाश में जुटीं पुलिस की कई टीमें
एसपी क्राइम जितेंद्र चौधरी ने बताया कि पीड़ित परिवार की तहरीर के आधार पर पुलिस ने तत्काल केस दर्ज कर लिया है। मामले में 13 नामजद आरोपियों समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ भी हत्या और संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। उन्होंने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तीन से चार विशेष पुलिस टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। जल्द ही सभी आरोपियों को अरेस्ट कर लिया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि प्रशासन द्वारा अवैध अतिक्रमण और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की गई है। गिरफ्तारी से जुड़ी हर महत्वपूर्ण जानकारी समय-समय पर मीडिया के माध्यम से साझा की जाएगी।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
घटना के बाद गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। क्षेत्र में शांति एवं सौहार्द बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
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