होर्मुज तनाव के बीच भारत को बड़ी राहत: 20 हजार टन LPG लेकर गुजरात पहुंचा ‘सिमी’, जहाज पर सवार थे 21 क्रू सदस्य

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच राहतभरी खबर सामने आई है। 20 हजार टन LPG लेकर ‘सिमी’ जहाज सुरक्षित भारत पहुंच गया है। यह जहाज गुजरात के दीनदयाल पोर्ट पहुंचा। जहाज ने 13 मई को होर्मुज स्ट्रेट पार किया था। मौजूदा हालात में इसे बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
‘सिमी’ जहाज पर कुल 21 क्रू सदस्य सवार थे। इनमें आठ सदस्य यूक्रेन के थे। बाकी 13 सदस्य फिलीपींस के नागरिक थे। सुरक्षा एजेंसियां लगातार जहाज पर नजर बनाए हुए थीं। अधिकारियों के मुताबिक पूरा ऑपरेशन लगातार मॉनिटर किया गया। निगरानी वाले ऑपरेशन्स में यह 11वां LPG टैंकर था।
कैसे सुरक्षित पहुंचा जहाज?
होर्मुज स्ट्रेट फिलहाल बेहद संवेदनशील बना हुआ है। इसके बावजूद जहाज सुरक्षित भारत पहुंच गया। अधिकारियों ने इसके पीछे मजबूत समन्वय को वजह बताया है। Directorate General of Shipping लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए था। विदेश मंत्रालय, रक्षा मंत्रालय और पेट्रोलियम मंत्रालय भी लगातार सक्रिय रहे। सभी एजेंसियों के बेहतर तालमेल से यह ऑपरेशन सफल हो सका है।
ऊर्जा सप्लाई पर बढ़ा वैश्विक दबाव
पश्चिम एशिया का संघर्ष लगातार गहराता जा रहा है। इसका असर वैश्विक ऊर्जा बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है। कई देशों में ऊर्जा सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ गई है। भारत भी इससे अछूता नहीं रहा। पिछले कुछ महीनों में कच्चे तेल का भंडार तेजी से घटा है। आंकड़ों में करीब 15 फीसदी गिरावट दर्ज की गई है।
भारत का तेल भंडार तेजी से घटा
रिपोर्ट के अनुसार फरवरी में भारत का तेल भंडार ज्यादा था। उस समय देश के पास 107 मिलियन बैरल स्टॉक मौजूद था। अब यह घटकर 91 मिलियन बैरल रह गया है। इसमें पेट्रोलियम भंडार और रिफाइनरी स्टॉक शामिल हैं। हालांकि, पाइपलाइन स्टॉक इसमें शामिल नहीं है।
रिफाइनरियों पर बढ़ सकता है दबाव
एक्सपर्ट्स ने आगे खतरे की आशंका जताई है। फिलहाल भारतीय रिफाइनरियां सामान्य तरीके से काम कर रही हैं। प्रोसेसिंग में अभी कोई बड़ी कटौती नहीं हुई है। हालांकि, अगर हालात लंबे समय तक बिगड़े रहे तो मुश्किल बढ़ सकती है। ऐसी स्थिति में रिफाइनरियों को उत्पादन घटाना पड़ सकता है। कच्चे तेल की प्रोसेसिंग भी कम करनी पड़ सकती है।
अधूरा नहीं! पूरी खबर पढ़ें नव्य जागरण ऐप पर
ताजा खबरें, लोकल अपडेट और ब्रेकिंग अलर्ट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।










