हेल्थ इंडस्ट्री में मशरूम सप्लीमेंट बना नया क्रेज: शरीर की इम्युनिटी को करता हैं मजबूत, फायदे और जोखिम दोनों मौजूद

आजकल हेल्थ इंडस्ट्री में नया ट्रेंड तेजी से उभर रहा है। यह ट्रेंड “मशरूम सप्लीमेंट” का है। सोशल मीडिया पर इसकी चर्चा लगातार बढ़ रही है। जिम ट्रेनर भी इसे प्रमोट करते दिखाई दे रहे हैं। हेल्थ स्टोर्स में इनकी बिक्री तेजी से बढ़ी है। कई युवा इसे नेचुरल हेल्थ बूस्टर मान रहे हैं। कंपनियां इसे आधुनिक लाइफस्टाइल का हिस्सा बता रही हैं। दावा किया जा रहा है कि ये सप्लीमेंट दिमाग तेज करते हैं। साथ ही शरीर की इम्युनिटी भी मजबूत बनाते हैं। तनाव कम करने में मदद मिलने की बात कही जा रही। हालांकि हेल्थ एक्सपर्ट्स इससे पूरी तरह सहमत नहीं हैं। डॉक्टरों ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। उनका कहना है कि हर सप्लीमेंट सुरक्षित नहीं होता। गलत तरीके से सेवन नुकसान भी पहुंचा सकता है।
मशरूम सप्लीमेंट औषधीय गुणों वाले विशेष मशरूम से बनते हैं। इन्हें आधुनिक हेल्थ प्रोडक्ट की तरह बेचा जाता है। बाजार में कई तरह के फॉर्म उपलब्ध हैं। कैप्सूल, पाउडर और ड्रिंक मिक्स ज्यादा लोकप्रिय हैं। कुछ लोग इसे चाय की तरह भी पीते हैं। हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार इनमें कई एक्टिव कंपाउंड होते हैं। इनमें एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन भी पाए जाते हैं। कंपनियां इन्हें “नेचुरल वेलनेस प्रोडक्ट” कहकर बेच रही हैं। युवाओं में इसकी डिमांड लगातार बढ़ती जा रही है। फिटनेस इंडस्ट्री इसे बड़े ट्रेंड के रूप में देख रही।
कौन-कौन से सप्लीमेंट हो रहे लोकप्रिय?
सबसे ज्यादा चर्चा “लायन्स मेन” मशरूम की हो रही। इसे ब्रेन हेल्थ के लिए फायदेमंद बताया जा रहा। दावा है कि इससे फोकस बेहतर होता है। कई लोग याददाश्त बढ़ने की बात भी कहते हैं। स्टूडेंट्स और कॉर्पोरेट प्रोफेशनल्स में इसका क्रेज बढ़ा है। “रीशी” मशरूम भी तेजी से लोकप्रिय हुआ है। इसे तनाव कम करने वाला सप्लीमेंट बताया जाता है। योग और मेडिटेशन इंडस्ट्री में इसकी डिमांड ज्यादा है। “कॉर्डिसेप्स” मशरूम जिम जाने वालों में लोकप्रिय बना हुआ। इसे स्टैमिना और एनर्जी बढ़ाने वाला माना जाता है। कई स्पोर्ट्स ट्रेनर इसे नेचुरल परफॉर्मेंस सपोर्ट बताते हैं। “चागा” मशरूम को स्किन और इम्युनिटी के लिए उपयोग किया जाता। इसमें एंटीऑक्सीडेंट अधिक होने का दावा किया जाता है।
क्यों बढ़ रही है इनकी मांग?
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी बड़ा कारण मानी जा रही। लोग जल्दी हेल्दी रहने के विकल्प खोज रहे हैं। युवा नेचुरल और प्लांट बेस्ड प्रोडक्ट पसंद कर रहे। सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स भी इनका प्रचार कर रहे हैं। फिटनेस इंडस्ट्री ने इन्हें नया वेलनेस ट्रेंड बना दिया। कई कंपनियां आकर्षक पैकेजिंग के साथ इन्हें बेच रही। ऑनलाइन मार्केट में भी इनकी बिक्री तेजी से बढ़ी। विदेशी हेल्थ ट्रेंड का असर भारत में भी दिख रहा।
फायदे के साथ मौजूद हैं जोखिम
एक्सपर्ट्स के अनुसार कुछ मशरूम में उपयोगी तत्व पाए जाते। ये शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ा सकते हैं। कई लोग इसे मानसिक तनाव कम करने के लिए लेते। कुछ रिसर्च में फोकस बेहतर होने की बात सामने आई। हालांकि सभी दावों पर पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण मौजूद नहीं हैं। डॉक्टरों का कहना है कि हर व्यक्ति पर असर अलग होता। कुछ लोगों को इससे एलर्जी की समस्या हो सकती है। खुजली, पेट दर्द और उल्टी जैसी शिकायतें हो सकती हैं। ब्लड प्रेशर या डायबिटीज मरीजों को ज्यादा सावधानी चाहिए। कुछ सप्लीमेंट दवाओं के साथ रिएक्शन कर सकते हैं। ज्यादा मात्रा में सेवन खतरनाक साबित हो सकता है। बाजार में कई बिना प्रमाण वाले प्रोडक्ट भी बिक रहे।
डॉक्टरों ने दी सावधानी बरतने की सलाह
हेल्थ एक्सपर्ट्स किसी भी सप्लीमेंट को चमत्कारी इलाज नहीं मानते। उनका कहना है कि संतुलित जीवनशैली सबसे ज्यादा जरूरी है। नियमित व्यायाम और अच्छी नींद जरूरी मानी जाती है। हेल्दी डाइट को सबसे बड़ा हेल्थ सपोर्ट बताया गया। डॉक्टरों ने बिना सलाह सप्लीमेंट लेने से बचने को कहा। किसी भी नए प्रोडक्ट से पहले मेडिकल सलाह जरूरी मानी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि जागरूकता सबसे बड़ा बचाव है।
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