यूपी होमगार्ड भर्ती परीक्षा आज से शुरू: गोरखपुर में हाई-टेक एंट्री सिस्टम, 24 एग्जाम सेंटर में दो शिफ्ट में होगी परीक्षा

गोरखपुर में आज से होमगार्ड भर्ती परीक्षा की शुरुआत हो रही है। यह परीक्षा 25, 26 और 27 अप्रैल तक आयोजित की जाएगी। प्रशासन ने इसे लेकर व्यापक और एडवांस तैयारियां की हैं। इस बार परीक्षा प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन और ई-केवाईसी सिस्टम लागू किया गया है। इससे फर्जीवाड़े की संभावना कम होगी और केवल असली अभ्यर्थियों को ही एंट्री मिलेगी। शहर में कुल 24 एग्जाम सेंटर बनाए गए हैं जहां बड़ी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे।
परीक्षा को दो शिफ्ट में आयोजित किया जाएगा। पहली शिफ्ट सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक चलेगी। दूसरी शिफ्ट दोपहर तीन बजे से शाम पांच बजे तक आयोजित होगी। हर दिन करीब 20 हजार परीक्षार्थियों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। इतनी बड़ी भीड़ के कारण शहर में मूवमेंट बढ़ेगा। इससे ट्रैफिक पर असर पड़ सकता है। इसे देखते हुए प्रशासन ने पहले से ही प्लानिंग कर ली है। सभी सेंटरों पर एंट्री और एग्जिट को व्यवस्थित किया गया है ताकि भीड़ का दबाव कम रहे और परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
बायोमेट्रिक और ई-केवाईसी से मिलेगी एंट्री
इस बार परीक्षा में टेक्नोलॉजी का खास इस्तेमाल किया जा रहा है। हर अभ्यर्थी की एंट्री बायोमेट्रिक स्कैन और ई-केवाईसी के जरिए होगी। इससे पहचान की प्रक्रिया तेज और सटीक होगी। साथ ही किसी भी तरह की डुप्लीकेसी को रोका जा सकेगा। सेंटरों पर डिजिटल सिस्टम और स्टाफ को इस प्रक्रिया के लिए ट्रेन किया गया है। एंट्री के समय अतिरिक्त समय को ध्यान में रखते हुए अभ्यर्थियों को पहले पहुंचने की सलाह दी गई है।
रेलवे और बस स्टेशनों पर स्पेशल इंतजाम
शहर में बाहर से आने वाले अभ्यर्थियों की संख्या भी काफी ज्यादा है। इसे देखते हुए रेलवे स्टेशन और बस स्टेशन पर विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। रेलवे स्टेशन पर एक होल्डिंग एरिया बनाया गया है। यहां अभ्यर्थियों को व्यवस्थित तरीके से रखा जाएगा ताकि प्लेटफार्म पर भीड़ न बढ़े। अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। इससे अफरा-तफरी की स्थिति को रोका जा सकेगा। बस स्टैंड पर भी इसी तरह की व्यवस्था लागू की गई है ताकि आवागमन सुचारु बना रहे।
ट्रैफिक और सुरक्षा पर फोकस
परीक्षा के दौरान शहर में ट्रैफिक मैनेजमेंट सबसे बड़ी चुनौती रहेगी। इसे ध्यान में रखते हुए पुलिस ने डायवर्जन प्लान तैयार किया है। मुख्य सड़कों पर अतिरिक्त पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। परीक्षा केंद्रों के आसपास भी सुरक्षा बढ़ाई गई है। हर सेंटर पर निगरानी के लिए टीम लगाई गई है। सीसीटीवी कैमरों के जरिए भी मॉनिटरिंग की जा रही है। प्रशासन का फोकस है कि अभ्यर्थियों को किसी तरह की परेशानी न हो और परीक्षा पूरी तरह फेयर तरीके से हो।
अधिकारियों ने किया निरीक्षण
तैयारियों का जायजा लेने के लिए गोरखपुर रेंज के डीआईजी डॉ. एस. चनप्पा ने शहर के कई एग्जाम सेंटर का निरीक्षण किया। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था, एंट्री सिस्टम और मॉनिटरिंग प्रक्रिया की समीक्षा की। अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और व्यवस्थित ढंग से कराई जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी टीमों को अलर्ट मोड में रहने को कहा गया है।
पूरी तरह अलर्ट प्रशासन
पूरे आयोजन को लेकर प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीमें लगातार एक्टिव रहेंगी। भीड़ नियंत्रण, ट्रैफिक मैनेजमेंट और सुरक्षा पर खास ध्यान दिया जा रहा है। अभ्यर्थियों को समय से पहुंचने और नियमों का पालन करने की सलाह दी गई है। प्रशासन का लक्ष्य है कि परीक्षा बिना किसी बाधा के सफलतापूर्वक संपन्न हो और सभी को एक सुरक्षित व सुविधाजनक माहौल मिल सके।
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