गोरखपुर के सीएचसी में प्रसूता की मौत: परिजनों ने बॉडी रखकर छह घंटे तक किया प्रदर्शन, इलाज में लापरवाही का आरोप

चौरीचौरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में रविवार सुबह एक प्रसूता की मौत के बाद जमकर हंगामा हुआ। बेटे को जन्म देने के कुछ घंटे बाद महिला की मौत से नाराज परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया। परिजनों ने सीएचसी परिसर में बॉडी रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। करीब छह घंटे तक चले इस विरोध प्रदर्शन के दौरान अस्पताल परिसर में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही। सूचना मिलने पर पुलिस, क्षेत्राधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा परिजनों को समझाने का प्रयास किया।
जानकारी के अनुसार देवरिया जिले के एकौना थाना क्षेत्र के बेलवा दुबौली गांव निवासी देव निषाद की पत्नी नीलम निषाद (28) अपने मायके चौरी खास आई हुई थीं। शनिवार को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन उन्हें चौरीचौरा सीएचसी लेकर पहुंचे। चिकित्सकों ने ऑपरेशन के माध्यम से प्रसव कराया। जिसमें नीलम ने एक स्वस्थ पुत्र को जन्म दिया। परिजनों के अनुसार ऑपरेशन के बाद महिला की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। लेकिन समय पर उचित इलाज नहीं मिल सका। रविवार सुबह उसकी मौत हो गई। महिला की मौत की खबर मिलते ही परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो गए। उन्होंने अस्पताल परिसर में बॉडी रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया और चिकित्सकों पर लापरवाही का आरोप लगाया। अस्पताल के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे। मृतका के पति देव निषाद और भाई रितेश का कहना था कि रात के समय अस्पताल में डॉक्टर मौजूद नहीं थे। जिसके कारण समय पर इलाज नहीं मिल सका।
विधायक ने मौके पर पहुंचकर दिए जांच के निर्देश
घटना की जानकारी मिलने पर चौरीचौरा विधायक ई. सरवन निषाद भी सीएचसी पहुंचे। उन्होंने परिजनों से बातचीत कर उन्हें शांत कराने का प्रयास किया। विधायक ने सीएचसी अधीक्षक से पूरे मामले की जानकारी ली और मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) से फोन पर वार्ता कर निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। विधायक ने अस्पताल प्रशासन से ड्यूटी रजिस्टर, सीसीटीवी फुटेज और संबंधित कर्मचारियों की जिम्मेदारी की भी जांच कराने की मांग की। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने रात की ड्यूटी पर तैनात एक नर्स को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। उससे थाने में पूछताछ की जा रही है। प्रदर्शन और हंगामे के कारण अस्पताल परिसर में भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
अस्पताल प्रशासन ने लापरवाही से किया इनकार
सीएचसी अधीक्षक डॉ. सर्वजीत प्रसाद ने बताया कि महिला का ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा था। प्रसव के दौरान किसी प्रकार की समस्या नहीं हुई थी। उनके अनुसार महिला की मौत हार्ट अटैक के कारण हुई है। उन्होंने कहा कि इलाज में किसी प्रकार की चिकित्सकीय लापरवाही नहीं बरती गई है। करीब छह घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद विधायक और अस्पताल प्रशासन द्वारा निष्पक्ष जांच तथा उचित कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने पर परिजन शांत हुए। इसके बाद सुबह लगभग 11 बजे महिला की बॉडी पुलिस को सौंप दिया गया। जिसे पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया। प्रशासन का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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