गोरखपुर में कड़ी सुरक्षा के बीच शुरू हुई UPSC प्रारंभिक परीक्षा: 25 केंद्रों पर 11 हजार से अधिक अभ्यर्थी शामिल, दो शिफ्ट में होगा एग्जाम

जिले में रविवार को संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा कड़ी सुरक्षा और सख्त निगरानी के बीच शुरू हो गई। जिले के 25 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित इस प्रतिष्ठित परीक्षा में कुल 11 हजार 112 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। परीक्षा फर्स्ट शिफ्ट सुबह 9:30 बजे शुरू हुई, जबकि सेकेंड शिफ्ट दोपहर 2:30 बजे से आयोजित की जाएगी। प्रशासन ने परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए व्यापक तैयारियां की हैं। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की एंट्री से पहले सघन जांच अभियान चलाया गया है। जिसमें अभ्यर्थियों के रुमाल तक झड़वाए गए और हर स्तर पर तलाशी ली गई।
परीक्षा केंद्रों के बाहर सुबह से ही अभ्यर्थियों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। सुरक्षा जांच के दौरान किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, स्मार्ट वॉच, मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस या अन्य संदिग्ध सामग्री को अंदर ले जाने की अनुमति नहीं दी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए थे कि परीक्षा केंद्रों पर केवल निर्धारित दस्तावेज और आवश्यक सामग्री ही ले जाई जा सकती है। जांच प्रक्रिया को लेकर कई केंद्रों पर अतिरिक्त सतर्कता बरती गई, ताकि नकल या अनुचित गतिविधियों की कोई संभावना न रहे।
प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
UPSC प्रारंभिक परीक्षा दो पालियों में आयोजित की जा रही है। फर्स्ट शिफ्ट सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक और सेकेंड शिफ्ट दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक होगी। प्रशासन ने अभ्यर्थियों को निर्धारित समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचने के निर्देश दिए थे, ताकि चेकिंग और दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया सुचारू रूप से पूरी की जा सके। परीक्षा से पहले मंडलायुक्त ने सभी सेक्टर मजिस्ट्रेट, स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केंद्र व्यवस्थापकों और स्कूल प्रधानाचार्यों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि UPSC देश की सबसे प्रतिष्ठित और संवेदनशील परीक्षाओं में शामिल है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। आयोग की सभी गाइडलाइन का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
CCTV निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था रही सख्त
परीक्षा की निगरानी के लिए प्रशासन ने 25 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए हैं, जबकि प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर स्टैटिक मजिस्ट्रेट की भी ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा पर्याप्त संख्या में पुलिस बल और पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। सभी परीक्षा केंद्रों को CCTV कैमरों की निगरानी में रखा गया है। अधिकारियों ने परीक्षा शुरू होने से पहले सभी कैमरों और तकनीकी उपकरणों की जांच भी कराई।
संदिग्ध गतिविधि मिलने पर सख्त होगी कार्रवाई
एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार ने बताया कि परीक्षा को पूरी पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ संपन्न कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता या संदिग्ध गतिविधि मिलने पर तत्काल सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने बिजली, पेयजल, शौचालय और साफ-सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं को भी दुरुस्त रखने के निर्देश दिए हैं।
ट्रैफिक व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान
परीक्षा के मद्देनजर शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को भी विशेष रूप से व्यवस्थित किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए जरूरत पड़ने पर रूट डायवर्जन भी लागू किया जाएगा। प्रमुख चौराहों और परीक्षा केंद्रों के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। इसके अलावा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम को सक्रिय रखा गया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि आपसी समन्वय के साथ परीक्षा को शांतिपूर्ण और सफल तरीके से संपन्न कराया जाए।
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