भागलपुर एक्सप्रेस में तस्करों और सुरक्षा बलों के बीच मुठभेड़: चेन पुलिंग कर रोकी ट्रेन, फायरिंग से यात्रियों में दहशत

लोकमान्य तिलक-भागलपुर एक्सप्रेस (12336 डाउन) में अफरा-तफरी मच गई। शराब तस्करों और सुरक्षा बलों के बीच कथित मुठभेड़ की घटना सामने आई है। चलती ट्रेन में चेन पुलिंग, भागने की कोशिश और गोली चलने की सूचना के बाद यात्रियों में दहशत फैल गई है। घटना के बाद रेलवे प्रशासन, जीआरपी और स्थानीय पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, ट्रेन के इंजन के ठीक पीछे स्थित दूसरे सामान्य कोच में कुछ संदिग्ध लोग अवैध शराब की खेप के साथ यात्रा कर रहे थे। सुरक्षा एजेंसियों को पहले से इसकी सूचना मिल चुकी थी। जैसे ही ट्रेन निर्धारित रूट पर आगे बढ़ रही थी, सुरक्षा बलों ने संबंधित कोच को चारों तरफ से घेरकर तस्करों को पकड़ने की कोशिश शुरू कर दी। अचानक हुई इस कार्रवाई से बोगी में बैठे यात्रियों के बीच भी हलचल बढ़ गई।
चेन पुलिंग कर भागने लगे तस्कर
बताया जा रहा है कि खुद को घिरता देख तस्करों ने तेजी से चेन पुलिंग कर ट्रेन रोक दी। वैक्यूम होने के कारण ट्रेन अचानक रुक गई, जिससे यात्रियों में घबराहट फैल गई। ट्रेन रुकते ही कुछ संदिग्ध युवक बोगी से कूदकर भागने लगे। इसी दौरान सुरक्षा बलों और तस्करों के बीच पीछा करने की स्थिति बन गई। लोगों का कहना है कि भागने के दौरान अचानक गोली चलने की आवाज सुनाई दी। फायरिंग की घटना होते ही ट्रेन के अंदर बैठे यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कई यात्री सीटों के नीचे छिप गए, जबकि कुछ लोग अपनी जान बचाने के लिए बोगी से बाहर निकलने लगे। पूरे घटनाक्रम के दौरान कुछ मिनटों तक ट्रेन परिसर में भय और अराजकता का माहौल बना रहा।
फायरिंग को लेकर बना हुआ है संशय
हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि गोली शराब तस्करों की ओर से चलाई गई या फिर सुरक्षा बलों ने आत्मरक्षा में फायरिंग की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और यात्रियों के बयान के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है। रेलवे सुरक्षा बल और जीआरपी संयुक्त रूप से घटना की पड़ताल में जुटे हैं। सूत्रों के अनुसार, कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। अन्य की तलाश के लिए पुलिस आसपास के इलाकों में सर्च ऑपरेशन चला जा रही है। ट्रेन में मौजूद यात्रियों से भी पूछताछ की जा रही है। जिससे पूरे घटनाक्रम की सटीक जानकारी सामने आ सके।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
घटना के बाद यात्रियों में भय का माहौल बना हुआ है। कई यात्रियों ने ट्रेन में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सामान्य कोचों में अक्सर असामाजिक तत्व और तस्कर सक्रिय रहते हैं। समय रहते कार्रवाई नहीं होने से यात्रियों की जान जोखिम में पड़ जाती है। रेल प्रशासन ने घटना को गंभीरता से लेते हुए जांच रिपोर्ट मांगी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा। वहीं इस सनसनीखेज घटना ने एक बार फिर रेल मार्गों के जरिए हो रही अवैध तस्करी और सुरक्षा चुनौतियों को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
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