गोरखपुर में नौकरी के बहाने खुलवाया खाता: पासबुक-सिम रखकर किया 1.75 करोड़ का ट्रांजेक्शन, दो आरोपी अरेस्ट

शहर में नौकरी और कमाई का लालच देकर युवक के नाम बैंक खाता खुलवाने और फिर उसकी जानकारी के बिना 1.75 करोड़ रुपये से अधिक के संदिग्ध ट्रांजेक्शन करने का मामला सामने आया है। शाहपुर पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू की और रेलवे स्टेशन के पास घेराबंदी कर दो आरोपियों को अरेस्ट किया। पुलिस ने उनके कब्जे से सात सिम कार्ड और पांच बैंक पासबुक बरामद की हैं। मामले में चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। गिरफ्तारी के बाद मुकदमे में अन्य धाराएं भी बढ़ाई गई हैं।
शाहपुर क्षेत्र के बिछिया जंगल तुलसीराम के कुम्हार टोला निवासी रमेश सहानी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि कुछ लोगों ने उसे अच्छी नौकरी दिलाने का भरोसा दिया था। इसके बाद पैसों का लालच देकर यूपी ग्रामीण बैंक में उसके नाम से खाता खुलवाया गया। आरोपी रोहन के माध्यम से उसकी पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड और मोबाइल सिम अपने कब्जे में ले लिए गए। इसके बाद खाते का इस्तेमाल उसकी जानकारी के बिना बड़े पैमाने पर लेन-देन के लिए किया गया। खाते से 1.75 करोड़ रुपये से अधिक के ट्रांजेक्शन की जानकारी मिलने पर उसे धोखाधड़ी का पता चला।
पुलिस ने शुरू की जांच
शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस को सूचना मिली कि मामले से जुड़े आरोपी शहर से बाहर निकलने की कोशिश में हैं। टीम ने गोरखपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-9 रोड के पास घेराबंदी की और दो नामजद आरोपियों को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शाहपुर के कुम्हारटोला निवासी आशीष निषाद और बिछिया के मल्लाह टोला निवासी अभिषेक जायसवाल के रूप में हुई है।
नेटवर्क के बाकी आरोपियों की तलाश
शाहपुर थाना प्रभारी अंजय कुमार सिंह के मुताबिक, शुरुआती तौर पर चार आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोपियों की गिरफ्तारी और बरामदगी के आधार पर अब धारा 112(2) और 61(2) भी जोड़ी गई हैं। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में छापेमारी कर रही है।










