किचन वेस्ट से बढ़ाएं पौधों की उर्वरता,: घर में ही बनाएं प्राकृतिक खाद, 45 से 60 दिनों में होगी तैयार

रोजाना रसोई से निकलने वाले फलों और सब्जियों के छिलकों को अधिकांश लोग बेकार समझकर फेंक देते हैं, जबकि यही किचन वेस्ट पौधों के लिए बेहतरीन जैविक खाद साबित हो सकता है। सही तरीके से उपयोग करने पर यह मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने के साथ पौधों की बेहतर वृद्धि, फूल-फल और रोग प्रतिरोधक क्षमता में भी मदद करता है। आइए जानते हैं किचन वेस्ट के ऐसे पांच आसान उपयोग, जो आपके गार्डन को हरा-भरा बना सकते हैं।
1. केले के छिलकों से बढ़ेगा फूल और फल
केले के छिलकों में पोटैशियम प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, जो फूल और फल देने वाले पौधों के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है। इसके लिए छिलकों को दो से तीन दिन अच्छी धूप में सुखाकर बारीक पीस लें और तैयार पाउडर को मिट्टी में मिला दें। चाहें तो छिलकों को कुछ समय पानी में भिगोकर उसका घोल भी पौधों की जड़ों में डाल सकते हैं।
2. इस्तेमाल की हुई चायपत्ती भी है उपयोगी
घर में बची हुई चायपत्ती को फेंकने के बजाय खाद के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें मौजूद नाइट्रोजन पौधों की पत्तियों को हरा-भरा और स्वस्थ बनाए रखने में मदद करता है। उपयोग से पहले चायपत्ती को अच्छी तरह धो लें, ताकि उसमें मौजूद चीनी और दूध निकल जाए। इसके बाद धूप में सुखाकर महीने में एक बार मिट्टी की गुड़ाई के दौरान मिला दें।
3. अंडे के छिलकों से पूरी करें कैल्शियम की कमी
यदि पौधों के तने कमजोर हो रहे हों या टमाटर जैसे पौधों के फल सड़ने लगें, तो यह कैल्शियम की कमी का संकेत हो सकता है। अंडे के छिलकों को धोकर अच्छी तरह सुखाएं। फिर उन्हें पीसकर बारीक चूरा बना लें। इस चूरे को पौधों की जड़ों के पास मिट्टी में मिलाने से कैल्शियम की कमी दूर करने में मदद मिलती है।
4. प्याज और लहसुन के छिलकों से बनाएं लिक्विड फर्टिलाइजर
प्याज और लहसुन के छिलके मिट्टी को पोषक तत्व देने के साथ पौधों को कीट और फंगल इंफेक्शन से बचाने में भी सहायक होते हैं। इसके लिए इन छिलकों को एक लीटर पानी में 24 से 48 घंटे तक भिगोकर रखें। बाद में पानी को छानकर तैयार घोल को पौधों की जड़ों में डालें। यह प्राकृतिक तरल खाद पौधों को तेजी से पोषण प्रदान करती है।
5. घर पर तैयार करें जैविक कम्पोस्ट
घर में थोड़ी जगह उपलब्ध होने पर सब्जियों और फलों के छिलके, सूखे पत्ते और अन्य जैविक किचन वेस्ट से कम्पोस्ट खाद तैयार की जा सकती है। इसके लिए नीचे छेद वाली बाल्टी या मटके में पहले मिट्टी, फिर किचन वेस्ट और उसके ऊपर सूखी पत्तियां या मिट्टी की परत डालें। पात्र को ढककर रखें और बीच-बीच में सामग्री को हिलाते रहें। लगभग 45 से 60 दिनों में बेहतरीन जैविक खाद तैयार हो जाएगी। इसे पौधों की मिट्टी में मिलाकर उसकी उर्वरता बढ़ाई जा सकती है।
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