सड़क हादसे में युवक की मौत: डिवाइडर से टकराई बाइक, दर्शन कर लौट रहा था घर

चौरीचौरा थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक सड़क हादसे में 25 वर्षीय युवक की मौत हो गई। युवक तरकुलहा माता मंदिर में दर्शन-पूजन कर अपने घर लौट रहा था कि उसकी बाइक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। बॉडी को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद परिजनों में कोहराम मच गया। स्थानीय लोगों ने दुर्घटनास्थल पर सुरक्षा इंतजामों की कमी को लेकर चिंता जताई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार महराजगंज जिले के श्यामदेउरवा थाना क्षेत्र शीतलापुर परतावल बाजार निवासी संदीप सिंह, पुत्र रामदुलारे सिंह तरकुलहा माता मंदिर में दर्शन करने के लिए घर से निकले थे। दर्शन के बाद वह बाइक से वापस अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान गोरखपुर-देवरिया मार्ग पर चौरीचौरा क्षेत्र के देवीपुर पुल के समीप उनकी बाइक अचानक अनियंत्रित हो गई। बाइक सड़क के बीच बने डिवाइडर से जा टकराई। जानकारी के अनुसार दुर्घटना की रफ्तार इतनी तेज थी कि युवक को संभलने का कोई मौका नहीं मिला। घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई।
सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस
हादसे के बाद आसपास के लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने बॉडी को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की। परिजनों को घटना की जानकारी दी। बाद में बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस दुर्घटना के कारणों की भी जांच कर रही है।
लगातार दूसरी घटना से बढ़ी चिंता
स्थानीय लोगों के अनुसार इसी स्थान पर बीते रविवार को भी एक गंभीर सड़क दुर्घटना हुई थी। सूरजकुंड तिवारीपुर निवासी कृष्णकांत श्रीवास्तव डिवाइडर से टकराकर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें तत्काल एम्स में भर्ती कराया गया था। जहां इलाज के दौरान सोमवार को उनकी मृत्यु हो गई। एक ही स्थान पर लगातार दो दिनों में हुई दो मौतों ने सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुरक्षा इंतजाम बढ़ाने की मांग
क्षेत्रीय नागरिकों का कहना है कि देवीपुर पुल और उसके आसपास पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, रिफ्लेक्टर, चेतावनी संकेतक और सुरक्षा बैरियर लगाए जाने की आवश्यकता है। उनका मानना है कि यदि सड़क पर स्पष्ट संकेत और बेहतर रोशनी की व्यवस्था होनी चाहिए। जिससे वाहन चालकों को दूर से ही संभावित खतरे का आभास हो सकेगा। ऐसी दुर्घटनाओं पर काफी हद तक अंकुश लगाया जा सकता है।
अधूरा नहीं! पूरी खबर पढ़ें नव्य जागरण ऐप पर
ताजा खबरें, लोकल अपडेट और ब्रेकिंग अलर्ट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।









