NEET-UG री-एग्जाम कल: देशभर में आज मॉक ड्रिल, सेंटर आवंटन में गड़बड़ी; NTA ने बढ़ाई सुरक्षा

NEET-UG 2026 री-एग्जाम से पहले नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने आज देशभर में व्यापक मॉक ड्रिल आयोजित की। परीक्षा को निष्पक्ष, सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए पुलिस, जिला प्रशासन तथा केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। इस बीच कुछ अभ्यर्थियों द्वारा परीक्षा केंद्रों के आवंटन में गड़बड़ी की शिकायतें भी सामने आई हैं। इन पर एजेंसी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए सुधारात्मक कार्रवाई की है।
री-एग्जाम से पहले कुछ छात्रों को जारी किए गए एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्रों को लेकर त्रुटियां सामने आईं। नागपुर के छात्र अब्दुल्ला मोहम्मद तालिब को नागपुर की बजाय अबू धाबी (यूएई) का परीक्षा केंद्र आवंटित कर दिया गया था। इसी प्रकार भुवनेश्वर की छात्रा संजना संजीवनी को देहरादून में परीक्षा केंद्र आवंटित होने की शिकायत मिली। हालांकि NTA के महानिदेशक अभिषेक सिंह ने स्पष्ट किया कि दोनों मामलों में त्रुटियों को सुधार लिया गया है। संबंधित छात्रों को संशोधित परीक्षा केंद्र उपलब्ध करा दिए गए हैं।
22.79 लाख अभ्यर्थी होंगे शामिल
21 जून को आयोजित होने वाली इस परीक्षा में देशभर से 22.79 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे। इसके लिए भारत के 551 शहरों तथा विदेश के 14 शहरों में 5000 से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। NTA के अनुसार परीक्षा संचालन के लिए दो लाख से अधिक कर्मियों, 674 सिटी कोऑर्डिनेटर और 6,669 ऑब्जर्वर की तैनाती की गई है। परीक्षा दोपहर दो बजे से शाम 5:15 बजे तक पेन-एंड-पेपर मोड में आयोजित होगी। वहीं PwD और PwBD श्रेणी के पात्र अभ्यर्थियों को अतिरिक्त समय देते हुए शाम 6:20 बजे तक परीक्षा लिखने की अनुमति प्रदान की जाएगी।
पेपर लीक आरोपों के बाद रद्द हुई थी परीक्षा
गौरतलब है कि तीन मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा के बाद कई राज्यों से प्रश्नपत्र लीक होने और कुछ अभ्यर्थियों को पहले से प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने के आरोप सामने आए थे। जांच में अनियमितताओं के संकेत मिलने के बाद NTA ने 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी थी। बाद में केंद्र सरकार और जांच एजेंसियों की समीक्षा के आधार पर री-एग्जाम कराने का निर्णय लिया गया।
GPS ट्रैकिंग और लाइव मॉनिटरिंग की व्यवस्था
NTA के अनुसार परीक्षा सामग्री की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। प्रश्नपत्र और अन्य गोपनीय सामग्री सीलबंद प्रोटोकॉल के तहत सुरक्षित रखी जाएगी। परीक्षा सामग्री ले जाने वाले वाहनों में GPS ट्रैकिंग सिस्टम लगाया गया है और उन्हें पुलिस एस्कॉर्ट भी उपलब्ध कराया जाएगा। सभी परीक्षा केंद्र CCTV निगरानी में रहेंगे और उनकी लाइव मॉनिटरिंग केंद्रीय नियंत्रण कक्ष से की जाएगी।
अभ्यर्थियों के लिए विशेष दिशा-निर्देश
एजेंसी ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे नया एडमिट कार्ड साथ लेकर समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचें। NTA ने स्पष्ट किया है कि तीन मई को जारी पुराने एडमिट कार्ड अब मान्य नहीं होंगे। वहीं, नया एडमिट कार्ड एक बार डाउनलोड कर उसका प्रिंट निकाल लेना पर्याप्त होगा। गर्मी को देखते हुए सभी केंद्रों पर बिजली बैकअप, पंखे, पेयजल, शौचालय और मेडिकल सहायता की व्यवस्था की गई है। अभ्यर्थियों को पारदर्शी पानी की बोतल लाने की अनुमति होगी। वहीं, डायबिटिक छात्रों को शुगर टैबलेट और फल साथ रखने की छूट दी गई है।
अफवाहों से बचने की अपील
NTA ने बताया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। एजेंसी ने संदिग्ध गतिविधियों और भ्रामक सूचनाओं के खिलाफ कार्रवाई के लिए संबंधित साइबर एजेंसियों और जांच संस्थाओं को शिकायतें भी भेजी हैं। छात्रों से केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने तथा पेपर लीक या परीक्षा से जुड़ी अफवाहों से दूर रहने की अपील की गई है। विभिन्न राज्यों ने भी अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्थाएं की हैं। दिल्ली में उम्मीदवारों को डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा दी जाएगी, जबकि तेलंगाना में छात्र आरटीसी बसों में निशुल्क यात्रा कर सकेंगे। मध्य प्रदेश में विशेष ट्रेनें चलाई जाएंगी और महाराष्ट्र में लोकल ट्रेनों का संचालन सामान्य रूप से जारी रहेगा। परीक्षा को लेकर देशभर में व्यापक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
अधूरा नहीं! पूरी खबर पढ़ें नव्य जागरण ऐप पर
ताजा खबरें, लोकल अपडेट और ब्रेकिंग अलर्ट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।









