SIR पूरा होने वाले राज्यों में बदला फॉर्म-6: पुराने वोटर रिकॉर्ड की जानकारी जरूरी नहीं, ECINET से हटा अतिरिक्त कॉलम

चुनाव आयोग ने SIR यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन पूरा कर चुके राज्यों में ऑनलाइन फॉर्म-6 से अतिरिक्त घोषणा वाला हिस्सा हटा दिया है। अब इन राज्यों में नए मतदाताओं को फॉर्म-6 भरते समय SIR से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी नहीं देनी होगी। यह बदलाव मंगलवार देर रात ECINET पोर्टल पर किया गया। आयोग ने 26 सितंबर को स्पष्ट किया था कि SIR अवधि के बाहर मतदाता पंजीकरण के लिए नियमों के तहत निर्धारित फॉर्म का इस्तेमाल किया जाएगा।
ऑनलाइन फॉर्म-6 में पहले एक अतिरिक्त घोषणा जोड़ी गई थी। इसमें आवेदक से पूछा जाता था कि उसका नाम पिछली SIR की मतदाता सूची में था या नहीं। साथ ही माता-पिता या दादा-दादी का नाम उस सूची में दर्ज होने से जुड़ी जानकारी भी मांगी जाती थी। संबंधित रिकॉर्ड उपलब्ध होने पर बूथ और क्रम संख्या जैसी जानकारी देने का विकल्प भी था। यह अतिरिक्त हिस्सा SIR से जुड़ी अवधि में रिकॉर्ड के मिलान के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था।
SIR जारी राज्यों में अभी दिखेगा अतिरिक्त हिस्सा
जिन राज्यों में SIR की प्रक्रिया अभी चल रही है, वहां ऑनलाइन फॉर्म-6 में यह घोषणा बनी हुई है। इसका उद्देश्य नए मतदाता या उसके परिवार के पुराने SIR रिकॉर्ड से संबंध की जानकारी हासिल करना है। SIR पूरा होने के बाद इस अतिरिक्त जानकारी की जरूरत नहीं रहने पर इसे हटाया जा रहा है। वहीं फॉर्म-6 का इस्तेमाल सामान्य तौर पर मतदाता सूची में नया नाम शामिल कराने के लिए किया जाता है।
बदलाव के लिए नियमों में संशोधन जरूरी
रिपोर्ट के अनुसार, चुनाव आयुक्त विवेक जोशी और सुखबीर सिंह संधू ने फॉर्म-6 में SIR से जुड़ा नया हिस्सा जोड़ने पर आपत्ति जताई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, जोशी का तर्क था कि फॉर्म-6 नियमों के तहत निर्धारित वैधानिक फॉर्म है और इसमें बदलाव के लिए नियमों में संशोधन जरूरी है। संधू ने भी ऑनलाइन फॉर्म में जोड़े गए हिस्से को अनधिकृत और अवैध बताते हुए हटाने की बात कही थी।
SIR के बाद नए वोटर के लिए प्रक्रिया होगी सरल
चुनाव आयोग के मुताबिक SIR पूरा होने के बाद गैर-SIR अवधि में नियमों के तहत निर्धारित फॉर्म लागू होंगे। ऐसे में नए मतदाताओं को SIR से संबंधित अतिरिक्त घोषणा भरने की जरूरत नहीं होगी। आयोग ने 26 सितंबर की बैठक के बाद यह व्यवस्था स्पष्ट की थी और अब SIR पूरा हो चुके राज्यों में ECINET पर अतिरिक्त हिस्सा हटा दिया गया है।










