गोरखपुर में ईवीएम सुरक्षा पर डीएम का सख्त रुख: वेयरहाउस में जांची डबल लॉक व्यवस्था, 22 हजार से अधिक मशीनें सुरक्षित

आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी दीपक मीणा ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ ईवीएम वेयरहाउस का निरीक्षण किया। उन्होंने मशीनों के सुरक्षित भंडारण, रखरखाव और निगरानी व्यवस्था की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। डीएम ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना और राजनीतिक दलों का भरोसा कायम रखना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
निरीक्षण के दौरान राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में वेयरहाउस की व्यवस्थाओं को देखा गया। अधिकारियों ने बताया कि एम-3 मॉडल की ईवीएम निर्धारित निर्वाचन प्रोटोकॉल के तहत डबल लॉक में सुरक्षित रखी गई हैं। वेयरहाउस में 10,125 बैलेट यूनिट, 6,082 कंट्रोल यूनिट और 5,872 वीवीपैट मशीनें संरक्षित हैं। डीएम ने इनके रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए।
राजनीतिक दलों ने देखी व्यवस्था
एडीएम वित्त एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी जय प्रकाश तथा सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी शंकर मिश्र ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को वेयरहाउस का निरीक्षण कराया। इस दौरान भाजपा, सपा, कांग्रेस, बसपा, आम आदमी पार्टी समेत अन्य राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। निर्वाचन विभाग के संबंधित अधिकारी भी निरीक्षण में शामिल हुए। डीएम ने कहा कि ईवीएम और वीवीपैट की सुरक्षा निर्वाचन प्रक्रिया का अहम हिस्सा है, इसलिए इनके संरक्षण में निर्धारित मानकों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित किया जाए।











