आसपा के चार पदाधिकारियों समेत 69 लोगों पर मुकदमा: शव रखकर किया सड़क जाम, यातायात बाधित करने का आरोप

एसपी कैंप कार्यालय के समीप कलेक्ट्रेट तिराहे पर बॉडी रखकर सड़क जाम करने के मामले में पुलिस ने आजाद समाज पार्टी (आसपा) के चार पदाधिकारियों सहित 69 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने खलीलाबाद-मेंहदावल मार्ग पर चक्का जाम कर यातायात व्यवस्था बाधित की। सरकारी कार्य में अवरोध उत्पन्न किया और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने की स्थिति पैदा कर दी। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हुए हैं।
पुलिस के अनुसार, कोतवाली क्षेत्र के अनई गांव निवासी सुभाषचंद्र 18 जून को बघौली चौराहे के पास एक वाहन की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इलाज के दौरान 22 जून को उनकी मृत्यु हो गई। मृतक की पत्नी रीमा की तहरीर पर संबंधित मामले में केस दर्ज किया गया था। इसी दिन शाम करीब साढ़े सात बजे कुछ लोग कलेक्ट्रेट तिराहे पर एकत्र हुए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। कलेक्ट्रेट चौकी प्रभारी ध्रुव नारायण यादव के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों ने स्वयं को भीम आर्मी के नेता और पदाधिकारी बताते हुए बॉडी को सड़क पर रखकर अवैध रूप से चक्का जाम कर दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग लाठी-डंडों के साथ मौजूद थे। पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों के साथ अभद्र व्यवहार किया और उन्हें धमकियां भी दीं।
डेढ़ घंटे तक प्रभावित रही यातायात व्यवस्था
प्रदर्शन के कारण खलीलाबाद-मेंहदावल मार्ग पर लगभग एक घंटा 25 मिनट तक यातायात प्रभावित रहा। सड़क जाम होने से आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। पुलिस के अनुसार, एक एम्बुलेंस भी जाम में फंस गई थी। इसमें मौजूद मरीज के परिजन लगातार रास्ता खाली कराने की गुहार लगाते रहे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को मौके पर पहुंचना पड़ा।
समझाने के बाद हटाया गया जाम
पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाते हुए बताया कि दुर्घटना से संबंधित केस पहले ही दर्ज किया जा चुका है। नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। काफी प्रयास के बाद प्रदर्शनकारियों को शांत कराया गया और सड़क से जाम हटवाया गया। मामले में पुलिस ने 69 लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।











